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नई हलचल

साढ़े छह टन का एक सैटलाइट इसी हफ्ते धरती से टकरा सकता है !!!!

 मनोज जैसवाल : अमेरिकी स्पेस एजेंसी नासा ने चेतावनी दी है कि साढ़े छह टन का एक सैटलाइट इसी हफ्ते धरती से टकरा सकता है। पिछले 20 सालों से धरती का चक्कर लगा रहा यह सैटलाइट अब बेकार हो चुका है और धरती...  और पढ़ें
7 वर्ष पूर्व
manojjaiswalpbt
मजेदार दुनियाँ
83

Ikut Survey Dapat Duit Melalui Ipanelonline

Tentang iPanelOnlineiPanelOnline Indonesia merupakan platform konsumen yang berada di bawah naungan iPanelOnline Market Research Co., Ltd yang merupakan penyedia panel penelitian pasar yang profesional. Selain di Indonesia, iPanel juga berada di Cina, Hongkong, Taiwan, Jepang, Singapura, Thailand, India, Korea, Malaysia, New Zealand, Australia, Filipina, Vietnam, dll. Sampai saat ini Ipanel telah menjadi salah satu penyedia survei terbesar di kawasan Asia Pasifik.Cara Mendapatkan Poi...  और पढ़ें
7 वर्ष पूर्व
Sarfraj Alam
AFSAR COMPUTER
7

मेरी टिप्पणियां और लिंक ||

पत्नी पीड़ित की व्यथादर्द से जब छटपटा कर,  आह  भरती है जुबाँ |लगता है रविकर वाह सुनती हैं हमारी मेहरबाँ ||चर्चित बाबा के चक्कर में..चर्चित बाबा, चंचल बाला |शैतानों कीलगती खाला ||प्रेम नजरजोउसन...  और पढ़ें
7 वर्ष पूर्व
रविकर
श्री राम की सहोदरी : भगवती शांता
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सेक्स स्कैंडल में कौन?

दुनिया भर में सारे सेक्स स्कैंड्ल के आरोप केवल पुरुषो पर ही क्यूँ लगाये जाते हैं? क्या महिलाओँ और लड्कियोँ की इसमेँ कोई भूमिका नहीँ होती? और क्या वो चारित्रिक रूप से हमेशा इतनी अच्छी होती हैं ...  और पढ़ें
7 वर्ष पूर्व
vivek mishra
40

वो लम्हें....

वो बीते दिन.....उन दिनों काहर एक लम्हा.....आज भीनहीं होता जुदास्मृति पटल सेएक क्षण के लिये भी.....देखो ना !इन पथरीली आँखों सेटपकने लगा हैउन लम्हों का सीलापन.....वो लम्हें.....जोमहकते थे कभीप्यार की खुशबू ...  और पढ़ें
7 वर्ष पूर्व
सु-मन (Suman Kapoor)
अर्पित ‘सुमन’
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"विद्यालय लगता है प्यारा" (डॉ.रूपचन्द्र शास्त्री "मयंक")

विद्या का भण्डार भरा है जिसमें सारा।मुझको अपना विद्यालय लगता है प्यारा।।नित्य नियम से विद्यालय में, मैं पढ़ने को जाता हूँ।इण्टरवल जब हो जाता मैं टिफन खोल कर खाता हूँ।खेल-खेल में दीदी जी विज्...  और पढ़ें
7 वर्ष पूर्व
डॉ.रूपचन्द्र शास्त्री मयंक
290

बचपन

बहुत याद आती है आज ,बचपन का हर एक अंदाज ,नहीँ किसी से कोइ परदा ,नहीँ किसी से कोइ राज ।खो जाना बस खेल मगन हो ,अद्भुत था बचपन का साज ,कभी झगड.ता था आपस मेँ ,फिर भी है उस दिन पे नाज ।दोपहर की भरी धूप मेँ ,अर...  और पढ़ें
7 वर्ष पूर्व
sidharth sarthi
सारथी...
75

मिलन : हमारा-तुम्हारा

कुछ दिनों पहले ही मुझे अपनी एक पुरानी सहेली नेट पर मिली....और उससे एक दूसरी सहेली का नंबर मिला और उससे दूसरी का...बस इस तरह मुझे अपनी सभी सहेलियों के नम्बर मिले और उनके बारे में भी पता चला...मेरी उनस...  और पढ़ें
7 वर्ष पूर्व
neha sharma
मेरी कहानी
136

कमला प्रसाद ने कहा था - साहित्य कला का मूल प्रायोजन उदात्त और सुसंस्कृत समाज की रचना है।

कमला प्रसाद के साथ अरविन्द श्रीवास्तवबाजार में क्या नहीं है? बाजार में सब है, धन है, कीर्ति, धर्म-कर्म, अर्थ- काम, मोक्ष सब है। ऐसे में साहित्य क्या कर सकता है। निश्चय ही संवेदना की रक्षा विखण्डन ...  और पढ़ें
7 वर्ष पूर्व
- अरविन्द श्रीवास्तव
82

मेरी टिप्पणियां -- इस सप्ताह -4

"मुक़द्दस टोपी"(१)मोदी  टोपी  पहनते, क्या खो  जाता तोर ??सेक्युलर का काला हृदय, खिट-पिट करता और |खिट-पिट करता और, उतरती  उनकी टोपी |वोट  बैंक  की  नीत,   बघेला   बेहद   कोपी |कटते हिन्...  और पढ़ें
7 वर्ष पूर्व
रविकर
श्री राम की सहोदरी : भगवती शांता
108

" चिड़िया रानी फुदक-फुदक कर" ( डॉ.रूपचन्द्र शास्त्री "मयंक")

मेरी एक बाल कविता कोमेरे आग्रह पर मेरी मुँहबोली भतीजी अर्चना चावजी ने बहुत मन से गाया है!आप भी इस बाल कविता का रस लीजिए!चिड़िया रानी फुदक-फुदक कर,मीठा राग सुनाती हो।आनन-फानन में उड़ करके,आसमान ...  और पढ़ें
7 वर्ष पूर्व
डॉ.रूपचन्द्र शास्त्री मयंक
89

हिन्दी ब्लॉगिंग गाइड : मेरी नज़र से (भाग 7) (Hindi Blogging Guide - part 7)

नमस्कार दोस्तों !कैसे हो आप सभी ? आशा है कि आप सभी सकुशल होंगे।आज बहुत दिनों बाद फुर्सत है मिली, क्या करूँ, नयी नयी नौकरी मे फुर्सत ही कहाँ ? फिर भी ब्लॉगिंग की ललक और आप सभी का प्यार खींच लाया है ...  और पढ़ें
7 वर्ष पूर्व
Mahesh Barmate
Kuchh Dil Se...
102

"यह है अपना सच्चा भारत" (डॉ.रूपचन्द्र शास्त्री "मयंक")

♥ यह है अपना सच्चा भारत ♥सुन्दर-सुन्दर खेत हमारे।बाग-बगीचे प्यारे-प्यारे।।पर्वत की है छटा निराली।चारों ओर बिछी हरियाली।।सूरज किरणें फैलाता है।छटा अनोखी बिखराता है।।तम हट जाता, जग जगजाता।...  और पढ़ें
7 वर्ष पूर्व
डॉ.रूपचन्द्र शास्त्री मयंक
117

तेरी याद आ गई ............

फिर छा गई है बदरी , तेरी याद आ गईफुलोँ पे देख भँवरे तेरी याद आ गईजब भी की कोशिशेँ मैँ भुलने की वो शमांअनजाने रहगुजर से तेरी याद आ गईतुमको नहीँ पता मैँ करता हूँ इंतजारतुम आओ या न आओ तेरी याद आ गईआम...  और पढ़ें
7 वर्ष पूर्व
sidharth sarthi
सारथी...
59

इक नई सरगम...

सुबह की पहली किरण का आगाज,देखो ले के आया है एक नया दिन, एक नया आज।वो देखो चली आ रही है ठंडी पुरवाई,के लगता है जैसे इसने रात के संग होली हो मनाई।पंछियों का ये सुरम्य संगीत,पल भर में हर किसी को बना ले...  और पढ़ें
7 वर्ष पूर्व
Mahesh Barmate
माही....
91

"मेरी गुड़िया" (डॉ.रूपचन्द्र शास्त्री "मयंक")

मम्मी देखो मेरी डॉल।खेल रही है यह तो बॉल।।पढ़ना-लिखना इसे न आता।खेल-खेलना बहुत सुहाता।।कॉपी-पुस्तक इसे दिलाना।विद्यालय में नाम लिखाना।।रोज सवेरे मैं गुड़िया को,ए.बी.सी.डी. सिखलाऊँगी।अपने स...  और पढ़ें
7 वर्ष पूर्व
डॉ.रूपचन्द्र शास्त्री मयंक
102

मेरी टिप्पणियां -- इस सप्ताह ||

काश यूँ होता....बाला बड़ी बहादुर है, बस बही भावना में थोड़ी |बालक बरताव बनाए रख, बाला है सोणी-सोणी |दुनिया बेशक अच्छी है, बस बदल नजरिया उसका तू-कुछ सामंजस स्थापित कर, बदले वो थोड़ी -मोड़ी ||जीवन भी संघर...  और पढ़ें
7 वर्ष पूर्व
रविकर
श्री राम की सहोदरी : भगवती शांता
118

"आओ ज्ञान बढ़ाएँ-पहेली:100" (श्रीमती अमर भारती)

अमर भारती साप्ताहिक पहेली-100में आप सबका स्वागत है!निम्न प्रश्नों के उत्तर दीजिए!1- काव्य की आत्मा किसे कहा जाता है?2- काव्य का भूषण किसे कहा जाता है?3- छन्द के प्रमुख अंग कौन-कौन से होते हैं?4- जयशंकर ...  और पढ़ें
7 वर्ष पूर्व
डॉ.रूपचन्द्र शास्त्री मयंक
8

राजभाषा’हिंदी’ को भी चाहिए-एक’अन्ना हजारे?

सविंधान के अनुच्छेद 343 (1)के अनुसार संघ की राजभाषा’हिंदी’ ऒर लिपी देवनागरी हॆ.सविंधान में यह व्यवस्था 26,जनवरी 1950 को की गयी.-क्या यह सच हॆ? आप भी कहेंगें-कॆसा बेतुका सवाल हॆ? सविधान में यदि लिखा हॆ त...  और पढ़ें
7 वर्ष पूर्व
विनोद पाराशर Vinod Parashar
राजभाषा विकास मंच RAJBHASHA VIKAS MANCH
105

दो पाटो के बीच पिसता 'बुंदेलखंड'

बुंदेलखंड  अलग राज्य हो, ये सुनते ही किल्टने बुद्धिजीवियों को डंक लग जाते है.....उनके लिए बटवारा विनाश शब्द है.....बड़े को छोटे में बदलने वाला व्यवहार है !   बुंदेलखंड का जितना दायरा है, वेह वहा ...  और पढ़ें
7 वर्ष पूर्व
Dolly Bansiwar
चर्चित विषय
92

नीला हाथी

कहानी नीला हाथी अनवर सुहैल ऽ कम्पनी के काम से मुझे बिलासपुर जाना था। मेरे फोरमेन खेलावन ने बताया कि यदि आप बाई-रोड जा रहे हैं तो कटघोरा के पास एक स्थान है वहां ज़रूर जाएं। मेन रोड से एक किलोमीट...  और पढ़ें
7 वर्ष पूर्व
anwar suhail
गुमशुदा चेहरे / gumshuda-chehre
102

मेरी टिप्पणियां -- इस सप्ताह ||

ख़ुशी का मन्त्र है यारो, नहीं रोना न शर्मिंदा |बुरी बातों को भूलो जी, रहो बिंदास फिर जिन्दा |बढे पेट्रोल सब्जी दुग्ध, राशन बम इलेक्ट्रिक बिल-पुरानी दुश्मनी भूलो, रखो न याद आइन्दा 8888888888888888...  और पढ़ें
7 वर्ष पूर्व
रविकर
श्री राम की सहोदरी : भगवती शांता
106

दिल तेरे साथ था पर रूठ गया

visit.. http://www.mahaktepal.कॉमजोनसोचाथावोपलआयाहैप्यारमेंसबहीतोगंवायाहैतेरेहोनेकाभरमटूटगयादिलतेरेसाथथापररूठगयातुमसाथनथेमगरफिरभीमैंनेसमझाकीतुमसाथमेंहोएकतेराआसराथाछूटगयादिलतेरेसाथथापररूठ...  और पढ़ें
7 वर्ष पूर्व
sakhi
sakhi with feelings
88

चाक है सीना जख्मों से..........

"मैंने ज़िन्दगी को नहीं, ज़िन्दगी ने मुझे जिया लगता है,एक अजीब सा खारापन, आँखों ने 'पिया' लगता है...एक उम्र से मैं अपनी ज़िन्दगी की तलाश में हूँ,ये जीवन तो जैसे, किसी से, उधार 'लिया' लगता है...ख्वाहिशो...  और पढ़ें
7 वर्ष पूर्व
Manav Mehta 'मन'
मानव 'मन'
79

बचपन

कहाँ गया वह मेरा बचपन ,कहाँ गयी उसकी अंगराई ,कहाँ गया उच्छृंखल जीवन ,क्योँ आती है ये तन्हाई ?कहाँ गया ममता का आँचल ,कहाँ गयी उसकी अंगराई ,कहाँ गया वो लाड - प्यार ,अपनी छत क्योँ हुई पराई ?यौवन मेँ बचप...  और पढ़ें
7 वर्ष पूर्व
sidharth sarthi
सारथी...
71

"रूप इतना खूबसूरत" (डॉ.रूपचन्द्र शास्त्री "मयंक")

रूप इतना खूबसूरतआइने की क्या जरूरतआ रहीं नज़दीक घड़ियाँजब बनेगा शुभमुहूरतबैठकर जब बात होंगीदूर होंगी सब कुदूरतलाख पर्दों में छुपाओछिप नहीं पायेगी सूरतदिल में हमने है समायीआपकी सुन्दर सी ...  और पढ़ें
7 वर्ष पूर्व
डॉ.रूपचन्द्र शास्त्री मयंक
81

राजेन्द्र यादव की दिक्कत यह है कि वे गंभीर बातों के कारण चर्चा में रहना नहीं चाहते ... ‘एक और अन्तरीप’ में हेतु भारद्वाज ।

राजस्थान की साहित्यिक परंपरा में ‘एक और अन्तरीप’ (संपादक- डा. अजय अनुरागी एवं डा. रजनीश संपर्क- 1.न्यू कालोनी, झोटवाड़ा, पंखा, जयपुर- 302012. राज., मोबाइल- 09468791896) का लंबे अंतराल के बाद साहित्य जगत में सुख...  और पढ़ें
7 वर्ष पूर्व
- अरविन्द श्रीवास्तव
88

A Chinese Village

Below is a joke on Chinese economy that is currently being circulated widely on Chinese social networks:  There is a village that only has one restaurant. Everyone in the village has to eat at that restaurant. ?Villager: Why cant we have more than one restaurant??Waiter: Our village is in a stage of development where more than one restaurant can lead to chaos, so we only have one restaurant. ?Villager: But the food here is really not good!?Waiter: Our restaurant has only been developing for...  और पढ़ें
7 वर्ष पूर्व
Manish Mishra
अक्षत-मन AKSHATMANN
50

हिंदी-दिवस पर श्री पी.चिदम्बरम-माननीय गृह-मंत्री का अंग्रेजी मोह

’हिंदी-दिवस’के उपलक्ष्य पर,14 सितंबर,2011 को,विज्ञान-भवन,नई दिल्ली में-भारत सरकार के’ राजभाषा विभाग’ की ओर से एक भव्य-समारोह का आयोजन किया गया.इस कार्यक्रम में-महामहिम राष्ट्रपति श्रीमती प्रतिभ...  और पढ़ें
7 वर्ष पूर्व
विनोद पाराशर Vinod Parashar
राजभाषा विकास मंच RAJBHASHA VIKAS MANCH
106

"मानसिकता" (डॉ.रूपचन्द्र शास्त्री "मयंक")

आज से लगभग 30 साल पुरानी बात है।तब मैं खटीमा से 15 किमी दूर बनबसा में रहता था। उन दिनों मेरी मित्रता सेना से अवकाश प्राप्त ब्रिगेडियर गौविन्द सिंह रौतेला से हो गई थी। जो निहायत इंसाफपसंद और खरी ब...  और पढ़ें
7 वर्ष पूर्व
डॉ.रूपचन्द्र शास्त्री मयंक
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